Tuesday, 22 May 2018

गुरुग्राम की पहचान शीतला माता मंदिर।

हरियाणा के गुरुग्राम जिले में है शीतला माता मंदिर। इस मंदिर की समाज में अनेक मान्यतांए हैं। ऐसा कहा जाता है कि शीतला माता मंदिर में मांगी हुई हर कामना ज़रूर पूर्ण होती है। श्रद्धालु यहां पर मुंडन तथा नवIविवाहित जोड़े की जात के लिए मंदिर में आते हैं। सिर्फ यही नहीं श्रद्धालु चुन्नरी बांधकर मन्नत मांगते हैं। ऐसा कहा जाता है रहा हा कि शीतला माता पुस्तक में गुरुग्राम का नाम गौड़ग्राम था।

महाभारत काल से जुड़ा हुआ है मंदिर का इतिहास:
शीतला माता मंदिर की कहानी महाभारत काल से जुड़ी हुई है। पौराणिक कथाओं में कहा गया है कि यहां आचार्य गुरु द्रोणाचार्य ने कौरवों और पांडवों को अस्त्र-शस्त्र की शिक्षा दी थी। जब गुरु द्रोण युद्ध में वीरगति को प्राप्त हुए थे, तब उनकी पत्नी कृपि सती पर युद्ध पर बैठने को तैयार हुई थी। जब माता कृपि सती पर बैठी तब माता ने लोगों से कहा कि जो भी इस सती स्थल पर अपनी मनोकामना माँगने आएगा उसकी मनोकामना अवश्य पूर्ण होगी।

ऐतिहासिक बात: सन् 16वीं सदी में राजा भरतपुर ने सवा किलो  सोने की मूर्ति बनवाकर स्थापित की थी, जहाँ माता कृपि सती हुई थी।
मेले का समय: इस मंदिर को देखने के लिए दूर-दूर से श्रद्धालु आते हैं। यहां चैत्र माह और वैशाख व आषाण माह में भारी मेले लगता है। मेले में कम से कम 50 लाख श्रद्धालु आते हैं और दर्शन के लिए लोग भारत के कोने-कोने से आते हैं।लेकिन ज्यादा तादाद में लोग राजस्थान और उत्तर-प्रदेश के होते हैं। मेले में भीड़ होने के कारण मंदिर प्रशासन मंदिर को ठेके पर दे देते हैं। मंदिर शहर के बींचो-बीच स्थित होने के कारण श्रद्धालुओं को किसी भी परेशानी को सामना नहीं करना पड़ता। बस-स्टैंड और रेलवे स्टेशन मंदिर के नजदीक होने के कारण आने वाले श्रद्धालुओं को मंदिर पहुंचने में आसानी होती है । निजी वाहनों से पहुंचने वाले श्रद्धालुओं के लिए पार्किंग की भी उचित व्यवस्था परिसर में मौजूद है

Monday, 21 May 2018

कागज़ों तक तो नहीं सीमित है स्वच्छ भारत अभियान।

हमारे देश के राष्ट्रपिता कहे जाने वाले महात्मा गांधी के सिद्धांतों को हर कोई अपने जीवन में उतारने की कोशिश करता है। गांधी के स्वच्छ भारत के सपने को साकार करने के लिए वर्तमान प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने स्वच्छ भारत योजना का उद्घाटन किया।यह योजना गांधी के जन्मदिवस पर शुरू की गई।इस योजना के तहत 2019 तक भारत को स्वच्छ करने का लक्ष्य रखा है। देखा जाए तो योजना को पूरा होने में सिर्फ एक साल ही शेष रह गया है। बीते चार सालों में मोदी की यह स्वच्छ योजना पास हो पाई।
हाल ही में आई स्वच्छ सर्वेक्षण सर्वे  की रिपोर्ट के अनुसार पिछले वर्ष की तरह इंदौर पहले स्थान पर रहा, भोपाल दूसरे स्थान पर रहा और चंडीगढ़ तीसरे स्थान पर। नरेन्द्र मोदी द्वारा मन की बात में स्वच्छ भारत इंटर्नशिप की बात कही गई, जिसमें देश के युवा इंटर्नशिप में भाग लेकर लोगों में जागरूकता लाएँ। युवाओं द्वारा घर-घर जाकर जागरूक किया जाएगा, शौचालय बनाएँ जाएंगे, रैली निकाली जाएगी आदि। सिर्फ यही नहीं डब्ल्यू.एच.ओ की रिपोर्ट के मुताबिक कानपुर देश का सबसे ज्यादा प्रदूषित शहर में से माना गया। हमारे देश की राजधानी दिल्ली 40करोड़ का बजट मिलने के बाद भी सभी शहरों में शौचालय का निर्माण नहीं हो पाया है। एेसे में अगर राजधानी दिल्ली की ये हालात है तो बाकी शहरों की क्या हालत होगी।

Wednesday, 2 May 2018

क्यों हम गंगा को गंगा सफाई अभियान के दौरान ही साफ करें?

ऋषिकेश शहर की खूबसूरती है पहाड़ों में से निकलती गंगा नदी। यही कारण है कि आज दूर-दूर से लाखों सैलानी इस सुंदर से प्राकृतिक नजारे को देखने आते हैं। लेकिन ये कहना भी गलत नही है कि ऋषिकेश के आसपास बसे घरों का निकलने वाला गंदा पानी गंगा में सम्मिलित हो रहा है। सिर्फ यही नहीं स्थानीय लोग भी घर का कूडा कूडेदान में फेंकने की जगह सड़क पर फेंक देते हैं। जो बारिश के समय में नदी में मिल जाता है और आने वाले सैलानी भी गंदगी फैलाने में कोई कमी नहीं छोड़ते। आज पानी जितना भी साफ दिखाई देता है आने वाले समय में इतना भी दिखाई नहीं देगा। हमारी पवित्र गंगा नदी किसी दिन नाले में विलीन होते ज्यादा समय नहीं लगेगा। इस बात के लिए  हम सरकार को ही क्यों जिम्मेदार ठहरायें। गलती करने का ठहका सिर्फ सरकार ने ही थोड़ा ना लिया है।
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छोटे-छोटे बहुत सारे नाले हैं जो गंगा में मिल रहे हैं। ज्यादातर त्योहारों पर श्रद्धालु  गंगा स्नान के लिए आते हैं, पूजा की सामग्री को गंगा में बहा देते हैं। सरकार द्वारा चलाए जा रहे है गंगा सफाई अभियान भी असफल होते दिखाई देते हैं। गंगा को साफ रखने की जिम्मेदारी सिर्फ सरकार की नहीं बल्कि सब की है, क्यों हम गंगा को गंगा सफाई अभियान के समय ही साफ करें।  गंगा हम सब की है!
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What covid taught us?

In 2020, our world has suffered from a huge pandemic situation. Economic situation of all the countries got stuck. Many people migrated to t...